Saturday, 25 ,July 2026
RNI No. MPHIN/2018/76422
: mahikigunj@gmail.com
Contact Info

HeadLines

इंद्रदेव को खुश करने के लिए मनाई उज्जैयिनी | रोहित हत्याकांड के 21 दिन बाद भी कानून का इंसाफ अधूरा | दस वर्ष के लंबे संघर्ष के बाद मिली सफलता, खनिज निरीक्षक के पद पर हुए चयनित | कनेक्शन काटने के नाम पर रिश्वत की मांग, शिकायत हुई तो फर्जी हस्ताक्षर कर लगा दिया आवेदन | सभी ग्राम पंचायत मे हुए ट्रांसफर तो परवाड़ा ग्राम पंचायत के सचिव का क्यों नहीं हुआ ट्रांसफर...! | संभागायुक्त ने किया कलेक्टर, जिला पंचायत, जोबट एसडीएम एवं तहसील कार्यालयों का निरीक्षण | अंतर-जिला वाहन चोर गिरोह का पर्दाफाश | अनियंत्रित होकर पलटा ट्रक, बड़ा हादसा टला | हत्या या आत्महत्या... | कुएं से मिला देवर-भाभी का शव, दो दिन से थे लापता | 19 लाख की चोरी की घटना में पुलिस को मिली सफलता | अनाज व्यापारी की दुकान से दिन दहाड़े हुई लूट, सीसीटीवी कैमरे में कैद वारदात | 400 फीट खनन के बाद भी नहीं निकला पानी, बारहमासी जल के लिए उसी जगह फिर मशीन लगाकर करेंगे खनन | पुरषोत्तम मास में गौदान करने से वैकुंठ की प्राप्ति होती है- आचार्य शास्त्री | विकास से पहले विनाश…!! | पाटीदार समाज ने किया मुक्तिधाम का सौंदर्यीकरण | मां भद्रकाली माताजी मंदिर पर संपन्न हुई कांग्रेस कार्यकर्ताओं की बैठक | अब स्वच्छता सर्वेक्षण में नगरपालिका की वाल पेंटिंग से पार पाने की फिसड्डी कवायद | जिला अभी भी उम्मीदो के सहारे टिका है, देखना है कलेक्टर श्री भरसट किस किनारे जा कर बैठते है | राजनीति में हिम्मत... और हिम्मत की राजनीति... |

तेंदुए ने किया बकरी का शिकार
01, Dec 2023 2 years ago

image

माही की गूंज, अमझेरा।

         गुरूवार की शाम को तेंदुए ने बकरी का शिकार कर उसे मार दिया। नगर के थाना पीछे मोहल्ले में रहने वाले सुभाष पुत्र राधु बख्तावर जलाशय के आस-पास अपनी बकरीयॉ चरा रहा था तभी तेंदुए ने मौका देखकर बकरी पर हमला कर दिया। हांलाकी सुभाष व उसके अन्य साथीदार काहरू पुत्र केकु व रालू पुत्र केकु ने शोर मचाकर किसी तरह से बकरी को छुड़ा लिया लेकिन बकरी को बचाया नहीं जा सका। सुचना मिलने पर शुक्रवार को वन विभाग अमझेरा वन परिक्षेत्र सहायक दयाराम वर्मा, बीड गार्ड निर्मल डावर चौकीदार रमेश मौके पर पहुंचे तथा ग्रामीणों की उपस्थिति में मौका पंचनामा बनाया। जिसमें पदचिन्ह के आधार पर बताया गया कि बकरी का शिकार तेंदुए के द्वारा ही किया गया। परिक्षेत्र सहायक दयाराम वर्मा के द्वारा ग्रामीणों को बताया गया कि, वे जंगलो में ज्यादा अंदर तक बकरीयों का चराने के लिए नही जाए एवं उन्हे सावधानी बरतने की बात कही गई। उल्लेखनिय है कि, बिते वर्षो में अमझेरा से सटे जंगलों में तेंदुए के द्वारा पशुओं के साथ ही मनुष्यों पर भी जानलेवा हमले किए गए है।


माही की गूंज समाचार पत्र एवं न्यूज़ पोर्टल की एजेंसी, समाचार व विज्ञापन के लिए संपर्क करे... मो. 9589882798 |