
छत से टपकता पानी, उखड़ रहा प्लास्टर और सरिया, विद्युत व्यवस्था भी बदहाल, ग्रामीणों ने नए भवन की उठाई मांग
माही की गूंज, भामल।
थांदला जनपद की ग्राम पंचायत भामल का पुराना भवन लंबे समय से बदहाली का शिकार है। काफी समय पहले निर्मित ग्राम पंचायत भवन अब धीरे-धीरे जर्जर अवस्था में पहुंच चुका है। भवन की स्थिति देखकर सहज ही अंदाजा लगाया जा सकता है कि, जिम्मेदारों द्वारा समय रहते इसकी मरम्मत और रखरखाव पर ध्यान नहीं दिया गया। भवन के कई हिस्सों से प्लास्टर उखड़ रहा है और नीचे की ओर सरिया तक दिखाई देने लगा है, जिससे भवन की मजबूती को लेकर भी सवाल खड़े हो रहे हैं।
पूर्व सरपंच भेरुसिंह चौहान एवं पूर्व उपसरपंच केशव सोलंकी ने बताया कि ग्राम पंचायत भवन जैसी महत्वपूर्ण जगह, जहां गांव के विकास से जुड़े कार्यों की रूपरेखा तैयार होती है और ग्रामीण अपनी समस्याएं लेकर पहुंचते हैं, यदि वही भवन बदहाल स्थिति में हो तो व्यवस्था पर सवाल उठना स्वाभाविक है। पंचायत भवन में पर्याप्त विद्युत व्यवस्था का अभाव भी ग्रामीणों के लिए परेशानी का कारण बना हुआ है। बताया जा रहा है कि भवन में पंखों की समुचित व्यवस्था नहीं होने से गर्मी के दिनों में पंचायत के कामकाज और यहां आने वाले ग्रामीणों को परेशानी का सामना करना पड़ता है।
बारिश में और बिगड़ जाती है स्थिति
गांव के लोगों का कहना है कि बारिश के दिनों में ग्राम पंचायत भवन की स्थिति और भी खराब हो जाती है। भवन में पानी भरने के साथ ही छत से पानी टपकने की समस्या बनी रहती है। ऐसे में पंचायत भवन में दस्तावेजों और सरकारी रिकॉर्ड की सुरक्षा को लेकर भी चिंता बनी रहती है। यदि समय रहते भवन की स्थिति पर ध्यान नहीं दिया गया तो आने वाले समय में समस्या और गंभीर हो सकती है।
ग्रामीणों का कहना है कि ग्राम पंचायत गांव के विकास की महत्वपूर्ण कड़ी है। ऐसे में पंचायत का अपना भवन ही यदि जर्जर अवस्था में हो तो गांव के विकास कार्यों के संचालन को लेकर भी सवाल खड़े होना स्वाभाविक है। ग्रामीणों ने मांग की है कि संबंधित विभाग द्वारा ग्राम पंचायत भामल के पुराने भवन का शीघ्र सर्वे करवाया जाए और भवन की स्थिति का तकनीकी परीक्षण कराकर नया ग्राम पंचायत भवन स्वीकृत किया जाए।
ग्रामीणों ने उठाई नए भवन की मांग
लोगों का कहना है कि पुराने भवन की स्थिति अब ऐसी हो गई है कि इसकी मरम्मत के बजाय नए भवन का निर्माण अधिक उचित होगा। ग्रामीणों ने शासन एवं संबंधित अधिकारियों से मांग की है कि ग्राम पंचायत भामल के लिए जल्द से जल्द नए भवन की स्वीकृति प्रदान की जाए, ताकि पंचायत का कामकाज व्यवस्थित और सुचारू रूप से संचालित हो सके।
ग्रामीणों का यह भी कहना है कि जब ग्राम पंचायत का भवन ही जर्जर हालत में हो तो गांव के विकास की तस्वीर कैसी होगी, इसका सहज ही अंदाजा लगाया जा सकता है। इसलिए पंचायत भवन की समस्या को केवल भवन की समस्या न मानते हुए इसे ग्रामीण प्रशासन से जुड़ा महत्वपूर्ण विषय समझकर प्राथमिकता से कार्रवाई की जानी चाहिए।
अब देखना यह है कि जिम्मेदार विभाग ग्रामीणों की मांग पर कब संज्ञान लेते हैं और पंचायत भवन का सर्वे करवाकर नए भवन की दिशा में क्या कदम उठाते हैं। ग्रामीणों को उम्मीद है कि संबंधित अधिकारी जल्द से जल्द मौके का निरीक्षण कर वास्तविक स्थिति से शासन को अवगत कराएंगे।
सरपंच प्रतिनिधि, ग्राम पंचायत भामल रघु चरपोटा का कहना है कि, पंचायत भवन तो काफी पुराना हो चुका है। काफी समय से इसी भवन में पंचायत का कामकाज हो रहा है। यदि शासन द्वारा नया भवन स्वीकृत किया जाता है और ग्राम पंचायत भामल में नया भवन बनाया जाता है तो यह गांव के लिए अच्छा रहेगा। हमने भी इसकी मांग की है।
