Thursday, 02 ,July 2026
RNI No. MPHIN/2018/76422
: mahikigunj@gmail.com
Contact Info

HeadLines

अनियंत्रित होकर पलटा ट्रक, बड़ा हादसा टला | हत्या या आत्महत्या... | कुएं से मिला देवर-भाभी का शव, दो दिन से थे लापता | 19 लाख की चोरी की घटना में पुलिस को मिली सफलता | अनाज व्यापारी की दुकान से दिन दहाड़े हुई लूट, सीसीटीवी कैमरे में कैद वारदात | 400 फीट खनन के बाद भी नहीं निकला पानी, बारहमासी जल के लिए उसी जगह फिर मशीन लगाकर करेंगे खनन | पुरषोत्तम मास में गौदान करने से वैकुंठ की प्राप्ति होती है- आचार्य शास्त्री | विकास से पहले विनाश…!! | पाटीदार समाज ने किया मुक्तिधाम का सौंदर्यीकरण | मां भद्रकाली माताजी मंदिर पर संपन्न हुई कांग्रेस कार्यकर्ताओं की बैठक | अब स्वच्छता सर्वेक्षण में नगरपालिका की वाल पेंटिंग से पार पाने की फिसड्डी कवायद | जिला अभी भी उम्मीदो के सहारे टिका है, देखना है कलेक्टर श्री भरसट किस किनारे जा कर बैठते है | राजनीति में हिम्मत... और हिम्मत की राजनीति... | माही की गूंजः खबर का असर | सप्ताह में दो दिन मुख्यालय पर तो एक दिन रात्रि विश्राम के कलेक्टर के आदेश पर पटवारियों में हलचल...? | जिले के हर कस्बे में चल रहे फर्जी आरओ वाटर प्लांट या फिर वाटर चिलर...? पेयजल गुणवत्ता की कोई गारंटी नहीं | वाह रे... सिस्टम जिंदा को मृत बताया... | संदिग्ध हालत में मिला युवक का शव, हत्या की आशंका | जन्मदिवस पर वर्षितप आराधकों को करवाये पारणें | जल जीवन जल मिशन में बनी पानी की टंकी में पानी ही नहीं पहुंचा |

नहीं लगा इस वर्ष खवासा में तेजाजी का मेला, दर्शनार्थीयों ने किया गाइडलाइन का पालन
28, Aug 2020 5 years ago

image


माही की गूंज, खवासा

        खवासा में पिछले कुछ वर्षों से क्षेत्र का सुप्रसिद्ध श्री महावीर मवेशी मेला नहीं लग रहा था, उसकी जगह केवल एक दिवसीय तेजाजी का मेला लगता आ रहा था, लेकिन कोविड-19 की महामारी के चलते स्थानीय पुलिस प्रशासन ने सुरक्षा समिति की बैठक आयोजित कर इस एक दिवसीय मेले को भी स्थगित करने का निर्णय लिया था। जिसके चलते पुलिस ने एक दिन पूर्व क्षेत्र में तेजा दशमी का मेला स्थगित करने और बाजार में अनावश्यक भीड़-भाड़ न करने की अपील की थी, जिसके चलते खवासा में तेजा दशमी का मेला नहीं लगा, लेकिन परंपरा अनुसार तेजाजी का चल समारोह ग्राम के प्रमुख मार्गो से होकर कोविड-19 के सुरक्षा नियमों के तहत निकला, जिसमें तेजाजी के अंशधारी हीरालाल जाट, नंदलाल भालोड सहित श्रद्धालु शामिल हुए। मान्यतानुसार वर्ष भर जहरीले जंतु के काटने पर तेजाजी के नाम से धागा बांधा जाता है, जिसे स्थानीय भाषा में तांती कहा जाता है, जिससे जहर शरीर में नहीं फैलता है और तेजा दशमी के दिन मन्नत पूरी कर इष्टधारी द्वारा वह तांती खोली जाती है।

        इस बार मेला नहीं गिरने से स्थानीय व्यापारी सहित बाहर से आने वाले व्यापारियों को निराशा हाथ लगी, मार्च से जनता कर्फ्यू के बाद से व्यापार, धंधा अपेक्षित नहीं चलने से व्यापार जगत में आर्थिक मंदी का दौर चल रहा है, व्यापारियों को उम्मीद थी कि तेजा दशमी के मेले में व्यापार अच्छा चलेगा लेकिन महामारी कम होने के बजाय बढ़ती ही जा रही है, जिससे लोगों में बीमारी का भय तो है ही साथ में व्यापार की चिंताएं भी सताने लगी है।



माही की गूंज समाचार पत्र एवं न्यूज़ पोर्टल की एजेंसी, समाचार व विज्ञापन के लिए संपर्क करे... मो. 9589882798 |