Wednesday, 07 ,January 2026
RNI No. MPHIN/2018/76422
: mahikigunj@gmail.com
Contact Info

HeadLines

नन्ही ध्यांशी ने 4 वर्ष की उम्र में कंठस्थ की हनुमान चालीसा | ईश माता मरियम के पर्व के साथ नववर्ष का आगाज | सरस्वती नन्दन स्वामी गुरुदेव के प्रागम्य महोत्सव पर अखण्ड नाम संकीर्तन सप्ताह में झूम उठे श्रद्धालु | दिव्य संकल्प सामूहिक विवाह सम्मेलन हेतु प्रेस वार्ता का हुआ आयोजन | थोथी वाहवाही लूटने में निकल गया 2025, पुलिस और प्रशासन को 2026 की शुभकामनाएं | आबकारी का संरक्षण ऐसा की शराब ठेके की दुकानों से विदेशी शराब पर देशी शराब का होलोग्राम लगाकर बेच रहा ठेकेदार, शराब | 2025 की सुर्खियांः हाईवे पर हनीमून... हनीमून पर हत्याकांड | नाबालिक के विवाह को लेकर दर्ज करवाई आपत्ति | फिजूल खर्ची पर रोक लगाने के लिए आदिवासी समाज ने किया कोटवाल, तड़वी व पटेल का सामूहिक सम्मेलन | रामू नाथ की भाजपा की सदस्यता लेकर मंडल महामंत्री ने प्रेस नोट जारी कर किया खंडन | राजनीति के संत से लेकर लोक देवता तक... मामाजी | मध्यप्रदेश अमानक दवाओ का बड़ा गढ़... 25 मौतो के बाद भी धंधा बदस्तुर जारी... | माही नदी में कूदे शिक्षक का शव गोताखोरों ने खोजा, आखिर क्या है मामला...? | युवक ने लगाई नदी में छलांग, एनडीआरएफ की टीम सर्चिंग में जुटी | गहेंडी स्कूल के प्राचार्य पर अतिथि शिक्षको ने लगाए गंभीर आरोप | सारंगी संकुल में प्राचार्य का जादू, खुद की संस्था ओर संकुल क्षेत्र में चला अलग नियम | कांग्रेस पार्टी के नवनियुक्त ब्लॉक अध्यक्ष का किया स्वागत | मातृशक्तियों ने किया अभिभावक बैठक का शुभारंभ | आदिवासी जिलों में धर्मांतरण का असल दोषी कौन...? ईसाई मिशनरी, हिन्दु समाज, हिन्दुवादी संगठन या फिर खुद आदिवासी समाज...? | मुख्यमंत्री जोरदार अभिनंदन कराने में व्यस्त... मंत्री हुए बेलगाम... बिगड़े बोल... |

गुटबाजी के चलते बामनिया नहीं पहुंच सके जिलाध्यक्ष
15, May 2020 5 years ago

image

ग्रामीण मंडल द्वारा जारी सूचना पर इंतजार कर निराश लौटे कार्यकर्ता

माही की गूंज, बामनिया

नवागत भाजपा जिलाध्यक्ष लक्ष्मणसिंह नायक के स्वागत का दौर चल रहा है। सोमवार को नए जिलाध्यक्ष का पेटलावद और बामनिया का दौरा था। जहा बामनिया में भाजपा कार्यकर्ता उत्साह के साथ अपने नए जिलाध्यक्ष का इंतजार कर रहे थे। ग्रामीण मंडल के पदाधिकारी के और मंडल के ग्रुप में जारी मैसेज के अनुसार कार्यकर्ता इंतजार कर रहे थे। बहुत समय में ऐसा पेहला मौका था जब जिलाध्यक्ष स्वतंत्र रूप से सांसद के साथ न होकर स्वयं कार्यकार्ताओं की बीच पहुंच रहे थे, लेकिन अंतिम समय में बामनिया का दौरा अनचाहे ढंग से बामनिया से दो किलामीटर पहले ग्राम रामपुरिया में ही समाप्त हो गया। पेटलावद से बामनिया के लिए निकले जिलाध्यक्ष को ग्राम रामपुरिया के भाजपा कार्यकर्ता एवं रामपुरिया स्थित गौशाला को संचालक और कुछ बामनिया के भाजपा नेताओं ने स्वागत के लिए रोक लिया। बातो ही बातों में ऐसी परिस्थिती निर्मित हुई बामनिया रेस्ट हाउस पर होने वाला स्वागत कार्यक्रम रामपुरिया में ही समाप्त हो गया। ग्रामीण मंडल के पदाधिकारियों ने इस बात की जानकारी ग्रुप में सार्वजनिक नहीं की और बामनिया रेस्ट हाउस पर खडे कार्यकर्ताओं में दो-चार को रामपुरिया ही बुला लिया गया। कुछ कार्यकर्ता अपने नए जिलाध्यक्ष की आगवानी के लिए वहीं खड़े रहें, लेकिन आखिर में निराश होकर लौट गए जब जानकारी मिली कि जिलाध्यक्ष रामपुरिया से ही वापस लौट गए। 

गुटबाजी हावी, भ्रम को समझ नहीं पाए जिलाध्यक्ष 

सबसे बड़ी चुनौती के रूप में नए जिलाध्यक्ष के समक्ष गुटबाजी से पार पाने की चुनौती होगी। जिस हालात में नए जिलाध्यक्ष बनाए गए है। उससे अध्यक्ष न बन पाने वाले नेता और अपना अध्यक्ष नहीं बैठाने का मलाल मन लिए नेता हर संभव चुनौती संगठन के साथ रह कर पेश करेंगे ये तय है। इसी का नमूना बामनिया स्वागत कार्यकम में देखने को मिला। नवागत जिलाध्यक्ष को भ्रम में डालकर कि सभी बामनिया के कार्यकर्ता यहीं उपस्थित है और बाकी को भी यहीं बुला लिया जाए, यह बोलकर बामनिया जाने से रोककर स्वागत कार्यक्रम रामपुरिया में ही निपटा दिया। जिससे बामनिया सहित आसपास के भाजपा नेता और कार्यकर्ता निराश हो गए जबकि किसी भी गुटबाजी से बचने के लिए अध्यक्ष महोदय को रामपुरिया में बिना तय कार्यक्रम के हुए स्वागत को निपटा कर बामनिया पहुंचना था। यहां रामपुरिया में मिले कम कार्यकर्ताओं के बीच सांसद समर्थक नेताओं ने अपने दिल्ली भोपाली सूत्रों तक बखान कर अपने प्रभावी होने का गैर जरूरी प्रर्दशन किया ताकि जिला संगठन में मनचाही जगह प्राप्त कर अपना दबदबा बना सके। लेकिन जिस प्रकार की नए जिलाध्यक्ष की शैली बताई जा रही है। उसके अनुसार लक्ष्मणसिंह नायक दबाव-प्रभाव की राजनीति में पड़ने वाले नहीं है, लेकिन उनको ये नहीं भुलना चाहिए कि राजनीतिक विरोधी अपना कद बढाने के लिए अपने स्तर से कितना भी गिर सकते है। ऐसी गुटबाजी वाली राजनीति से पार पाकर बैशाखी पर खडे संगठन को अपने पैरों पर खड़ा करने की बड़ी चुनौती नए भाजपा जिलाध्यक्ष के कंधों पर हैं। जिन्हें अपनी टीम में पूरा सामंजस्य बैठाकर भाजपा के ईमानदार कार्यकर्ताओं को जगह देने होगी।  साथ ही व्यक्ति विशेष के समर्थकों से दूरी बनाकर रखना होगी।  



माही की गूंज समाचार पत्र एवं न्यूज़ पोर्टल की एजेंसी, समाचार व विज्ञापन के लिए संपर्क करे... मो. 9589882798 |