माही की गूंज, खवासा |
खवासा बहुउद्देशीय सहकारी संस्था के अंतर्गत आने वाले 50 से अधिक गांवों के किसान समर्थन मूल्य पर गेहूं खरीदी के लिए पंजीयन कराने में भारी परेशानियों का सामना कर रहे हैं। किसान जैसे ही खवासा बहुउद्देशीय सहकारी संस्था में पंजीयन के लिए पहुंचते हैं, उन्हें सर्वर की समस्या के कारण घंटों इंतजार करना पड़ रहा है।
किसानों का कहना है कि पिछले दो दिनों से पंजीयन की प्रक्रिया प्रभावित है। किसान बालू पिता जवा डिंडोर (रतनाली) पिछले दो दिनों से पंजीयन के लिए परेशान हो रहे हैं, लेकिन उनका रजिस्ट्रेशन अब तक नहीं हो पाया है। इसी तरह कलावती पति तोंलसिंह सिंगाड़, नंदलाल पिता शंकरजी पाटीदार (विक्रमखेर) और गीतांबाई सोलंकी सहित कई किसान पंजीयन केंद्र पर लगातार इंतजार करते नजर आ रहे हैं।
किसानों का कहना है कि एक ओर सरकार किसानों को हर सुविधा उपलब्ध कराने का दावा करती है, लेकिन यहां सर्वर की समस्या के कारण पंजीयन समय पर नहीं हो पा रहे हैं। ऐसे में सवाल उठता है कि जब पंजीयन ही नहीं होगा तो किसान अपनी फसल को समर्थन मूल्य पर कैसे बेच पाएंगे।
किसानों ने मांग की है कि पंजीयन की अंतिम तिथि बढ़ाई जाए ताकि सभी किसानों को रजिस्ट्रेशन कराने का पर्याप्त समय मिल सके। साथ ही सर्वर की समस्या का जल्द से जल्द समाधान किया जाना चाहिए।
बताया जा रहा है कि इस समय गेहूं की कटाई शुरू हो चुकी है। सरकार हर वर्ष समर्थन मूल्य पर गेहूं खरीदी की घोषणा करती है, जिसके तहत किसानों को सोसाइटी में पंजीयन कराना अनिवार्य होता है। पंजीयन के बाद ही किसान अपनी उपज को समर्थन मूल्य पर बेच सकते हैं, जिससे उन्हें उचित दाम मिल सके। लेकिन सर्वर नहीं चलने के कारण किसानों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।
वहीं खवासा बहुउद्देशीय सहकारी संस्था में ऑनलाइन पंजीयन का कार्य कर रहे राहुल बैरागी ने बताया कि अब तक केवल 66 किसानों के पंजीयन हो पाए हैं, जबकि कई किसान केंद्र पर बैठकर अपनी बारी का इंतजार कर रहे हैं। उन्होंने बताया कि सर्वर ठीक से चलने पर कई किसानों का पंजीयन तुरंत किया जा सकता है, लेकिन सर्वर धीमा या बंद होने के कारण काम प्रभावित हो रहा है।
राहुल बैरागी ने कहा कि जैसे ही सर्वर शुरू होता है, पंजीयन की प्रक्रिया तुरंत शुरू कर दी जाती है। यदि सर्वर की समस्या जल्द हल हो जाए तो किसानों को राहत मिल सकती है।

