Thursday, 18 ,June 2026
RNI No. MPHIN/2018/76422
: mahikigunj@gmail.com
Contact Info

HeadLines

पुरषोत्तम मास में गौदान करने से वैकुंठ की प्राप्ति होती है- आचार्य शास्त्री | विकास से पहले विनाश…!! | पाटीदार समाज ने किया मुक्तिधाम का सौंदर्यीकरण | मां भद्रकाली माताजी मंदिर पर संपन्न हुई कांग्रेस कार्यकर्ताओं की बैठक | अब स्वच्छता सर्वेक्षण में नगरपालिका की वाल पेंटिंग से पार पाने की फिसड्डी कवायद | जिला अभी भी उम्मीदो के सहारे टिका है, देखना है कलेक्टर श्री भरसट किस किनारे जा कर बैठते है | राजनीति में हिम्मत... और हिम्मत की राजनीति... | माही की गूंजः खबर का असर | सप्ताह में दो दिन मुख्यालय पर तो एक दिन रात्रि विश्राम के कलेक्टर के आदेश पर पटवारियों में हलचल...? | जिले के हर कस्बे में चल रहे फर्जी आरओ वाटर प्लांट या फिर वाटर चिलर...? पेयजल गुणवत्ता की कोई गारंटी नहीं | वाह रे... सिस्टम जिंदा को मृत बताया... | संदिग्ध हालत में मिला युवक का शव, हत्या की आशंका | जन्मदिवस पर वर्षितप आराधकों को करवाये पारणें | जल जीवन जल मिशन में बनी पानी की टंकी में पानी ही नहीं पहुंचा | मासूम की हत्या और महिला पर जानलेवा हमले के एक सप्ताह बाद भी पुलिस के हाथ खाली | नगरपालिका ने खुद अतिक्रमण कर लाखों में बैच दी 52 गुमटियां | विडंबनाः झाबुआ जिले की भूमि पर बन रहा डेम, झाबुआ जिले की भूमि से ही काली मिट्टी ले जाकर किया जा रहा कार्य | आर्थिक संकट की आहट... या नाकामियों पर देशभक्ति का घूंघट...? | लवेश स्वर्णकार पर मामला दर्ज, सहमति के साथ शारीरिक संबंध या दुष्कर्म....? | अवैध रेत के व्यापार पर निरंकुश हुआ विभाग ओर प्रशासन |

धूमधाम से मनाई शरद पूर्णिमा
10, Oct 2022 3 years ago

image

माही की गूंज, काकनवानी।

        शिव मंदिर प्रांगण में प्रतिमाह की पूर्णिमा को अलग-अलग जजमान द्वारा धार्मिक अनुष्ठान पूजन पाठ एवं हवन पूर्णाहुति की जाती है। जिसके पश्चात महाआरती एवं प्रसादी की जाती है। इसी दौरान इस माह में शरद पूर्णिमा के पावन महोत्सव पर हवन पूजन के पश्चात 1 दिन का गरबा महोत्सव भी रखा गया, जिसमें सैकड़ों बालक-बालिकाएं, माता, बहनों ने गरबा खेल कर माता जी की आराधना की। इस बीच खीर का महा प्रसादी बनाई गई जिसे चांद की चांदनी में रखने के बाद भगवान को भोग लगाकर महा आरती की गई, महा आरती के पश्चात समस्त भक्तों में खीर बांटी गई। कहा जाता है कि, शरद पूर्णिमा के दिन खुले आसमान में खीर बनाने पर चंद्रमा की किरणें खीर में गिरने से कई तरह की बीमारियां खासकर जिन्हें दम या सांस की बीमारी हो वह बीमारी काफी हद तक कंट्रोल में हो जाती है। इसीलिए कई भक्त  महा प्रसादी खीर के लिए रात के 12 बजे तक मंदिरों में इंतजार करते रहते हैं एवं फिर प्रसादी लेने के बाद ही अपने घर के लिए प्रस्थान करते हैं।



माही की गूंज समाचार पत्र एवं न्यूज़ पोर्टल की एजेंसी, समाचार व विज्ञापन के लिए संपर्क करे... मो. 9589882798 |